Tuesday, July 20, 2010

बेटी के गुहार













बेटी के जनम से, मन छोट काहे करेलअ तू !
आजीओ (GrandMother) त बेटी रहली,
जिनके कोख से तू अयिलअ !
माईओ  (Mother) त बेटी रहली,
जिनसे जीवन-भर  के साथ तू पयिलअ !
फेरु हमरा आईला से, काहे धीरज नाही धरेलअ तू, 
बेटी के जनम से, मन, छोट काहे करेलअ तू !!

जवना सहुर से माई, ई घर के बसईले बारी,
हमार बचपन-बनईले बारी, तोहर जिंदगी सवंरले बारी,
माई के संघे- संघे, ई सब सहुर हम सिखीला!
जवन पाठ तोहरा के, अफसर बनईलख बाबू (Father),
भैया के संघे-संघे. उ सब पाठ हम पढीला!!

फेरु बाबू! भैया से काहे, कम हमके आंकेलअ !
झूठे तू दहेज़ खातिर, रातीया भर जागेलअ!!
एही दहेज़ से थोडा, आगे-तक पढ़ा दिहीअ!
थोडा आउर हिम्मत करके, अफसर बनायी दिहीअ!!

अफसर बनी के बाबू, नाम तोहर करेब हम!
माई के सहुर से, (ससुरार में) मान तोहर रखेब हम!!
एगो दिन अईसन आयी, जब गुमान हमपे करबअ तू!
ई दुनिया-संसार में, हमार नाम लेकर चलबअ तू!!

Friday, April 16, 2010

फगुआ









(रंगवा-गुलाल हाथे, तोहरे छुवन हम पाइके.....
भइली उमंगअ विभो----------------र........) -

रंग में रंगाइल, 'सजना'!
(रंग में रंगाइल, 'सजना', जब हम बेसुधा रहली...२
कलईया तू देलहअ, काहे मो-------------र......) -२ 

(टिसवा कलईया के, जियरा  में लागल अइसे...
जइसे पापी तरका, गरजे चहुँओ---------र....) -

(अबकी त होली, तोहसे खेलब नाही सजनु....
करेलअ तू हमसे बड़ी-जो-------------र.....) - 

(भइल बिहान, हमके नईहर पहुंचाई दअअ...
सखी लोगन, कइले-होइहे बड़ी शो----र.....) -

(अबकी त होली, तोहसे खेलब नाही सजनु....
कलईया तू देवेलअ,  काहे मो---------र.......) -२
करेलअ तू हमसे बड़ी-जो--------र......

बोले, सियावर रामचन्द्र की जय!
होली है!!!!


   

Thursday, April 15, 2010

सहुर








सरकावत एगो आम के टहनी!
बगइचा घूमके आवत रहनी!!

जुटल रहे, सउँसे मुहल्ला!
सारा गाँव में, भइल हो-हल्ला!!
चारोतरफ पुलिस जमाइल बा!
रामूआ 'नक्सली', बन्हाइल बा!!

"बबुनी  त घर के लक्ष्मी बारी,
इ बबुआ ही हमार जनम के तारी!"
इहे बचन रहे ठकुराइन के!
रामुआ के जनम भइले पर, लोग पहुंचल जब,
महक सूंघ अजवाइन के!!

बबुनी  के सब सहुर सिखइली !
बाकिर, बबुआ के दुलार में आन्हर माई,
रामुआ के सहुर देख न पइली!!

ओही सहुर से आज उ,
'नक्सली' के नाम कमइले  बा!
आज ठाकुरइन के तारे से पहिले,
सब पुरखन के मान डूबइले बा!!

हमर आँख भरल, इ देख लाचारी!
आज, ठकुराइन कइसे कलपत बारी!
ओह!! आज, ठकुराइन कइसे कलपत बारी!!